आ गया चाँद , साथ तारों की बारात आयी हे!
दीदार ए यार की फिर मिलन की बेला आयी हे!
तेरा आना हो या न हो ए सितमगर,
तेरी याद मेरी चाहत की डोली बैठ आयी हे!!
आँखों से गिरती ये रिमझिम,
ये होटों का सिसकन संगीत!
तड़प को ले बाहों में ये सेज सजाई हे!
दिल जला के तुझसे लिए सात फेरे......
साँसों का गठबंधन तेरी छाया संग,
अंधियारे से रोशन फिर प्रीतम रात आयी हे!!
फिर प्रीतम रात आयी हे!!
ख्वाबों का घूँघट, वादों का मंगलसूत्र .....
प्रीत की बिंदिया, रीत का बिछिया।...
बेवफाई की काया समाई हे !
बीते हर पल की खामोश चीत्कार लिए.....
फिर प्रीतम रात आयी हे!!
फिर प्रीतम रात आयी हे!!
एहसास।...........
दीदार ए यार की फिर मिलन की बेला आयी हे!
तेरा आना हो या न हो ए सितमगर,
तेरी याद मेरी चाहत की डोली बैठ आयी हे!!
आँखों से गिरती ये रिमझिम,
ये होटों का सिसकन संगीत!
तड़प को ले बाहों में ये सेज सजाई हे!
दिल जला के तुझसे लिए सात फेरे......
साँसों का गठबंधन तेरी छाया संग,
अंधियारे से रोशन फिर प्रीतम रात आयी हे!!
फिर प्रीतम रात आयी हे!!
ख्वाबों का घूँघट, वादों का मंगलसूत्र .....
प्रीत की बिंदिया, रीत का बिछिया।...
बेवफाई की काया समाई हे !
बीते हर पल की खामोश चीत्कार लिए.....
फिर प्रीतम रात आयी हे!!
फिर प्रीतम रात आयी हे!!
एहसास।...........